पिछले सप्ताह चारों सत्रों में भारी गिरावट का सामना करने के बाद भारतीय शेयर बाजार में पिछले दो सत्रों से लगातार जोरदार खरीदारी देखने को मिल रही है। भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) की मौद्रिक नीति समिति (एमपीसी) की बैठक के नतीजों से ठीक पहले मंगलवार को लगातार दूसरे दिन घरेलू बाजार के प्रमुख बेंचमार्क सूचकांकों—बीएसई सेंसेक्स और एनएसई निफ्टी 50—में शानदार बढ़त दर्ज की गई और दोनों लगभग 1 प्रतिशत की तेजी के साथ बंद हुए।
कारोबार के अंत में, सेंसेक्स 685.34 अंक (0.95%) की छलांग लगाकर 73,067.81 के स्तर पर पहुंच गया, जबकि निफ्टी 50 भी 220.35 अंक (0.98%) चढ़कर 22,776.10 के स्तर पर बंद हुआ।
निफ्टी 50 इंडेक्स में ट्रेंट, बीएसई, कोटक महिंद्रा बैंक, नेस्ले इंडिया और हिंदुस्तान यूनिलीवर (एचयूएल) के शेयरों में सबसे ज्यादा तेजी दर्ज की गई। इसके विपरीत कोल इंडिया, टेक महिंद्रा, मैक्स हेल्थकेयर, टीएमपीवी, अल्ट्राटेक सीमेंट, अपोलो हॉस्पिटल्स और आईटीसी के शेयरों में सबसे अधिक गिरावट देखने को मिली।
व्यापक बाजार का रुख भी सकारात्मक रहा, जहाँ निफ्टी मिडकैप और निफ्टी स्मॉलकैप सूचकांकों में क्रमशः 1.08 प्रतिशत और 1.56 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई।
सेक्टरवार प्रदर्शन की बात करें तो निफ्टी केमिकल, निफ्टी फार्मा, निफ्टी ऑयल एंड गैस, निफ्टी एफएमसीजी, निफ्टी प्राइवेट बैंक और निफ्टी हेल्थकेयर में 1 प्रतिशत से अधिक की मजबूती देखी गई। दूसरी ओर, निफ्टी आईटी, निफ्टी रियल्टी और निफ्टी पीएसयू बैंक सूचकांकों में सबसे ज्यादा दबाव दर्ज किया गया।
उल्लेखनीय है कि बीएसई सेंसेक्स इस सप्ताह अब तक 1,000 से अधिक अंक चढ़ चुका है, जबकि निफ्टी 50 ने पिछले दो कारोबारी सत्रों में 300 से ज्यादा अंक जोड़े हैं। सोमवार से शुरू हुई आरबीआई एमपीसी की तीन दिवसीय बैठक के नतीजे बुधवार, 7 अक्टूबर को जारी किए जाएंगे, जिस पर बाजार की पैनी नजर बनी हुई है। बाजार में इस तेजी का मुख्य कारण कच्चे तेल की कीमतों में आई नरमी को भी माना जा रहा है, जहाँ ब्रेंट क्रूड ऑयल हालिया उछाल के बाद फिसलकर 100 डॉलर प्रति बैरल के नीचे आ गया है।
